पूर्णिमा दीदी के भजनों से भक्तिमय हुआ दीनदयाल धाम मेला

पूर्णिमा दीदी के भजनों से भक्तिमय हुआ दीनदयाल धाम मेला
   फरह (मथुरा) । पंडित दीनदयाल धाम मेले में उस समय पूरा वातावरण राधारानी और श्रीकृष्ण की भक्ति के रंग में रंग गया, जब ब्रज की प्रसिद्ध भजन गायिका पूर्णिमा दीदी ने अपने मधुर भजनों से श्रद्धालुओं को भावविभोर कर दिया, मुख्य पंडाल में आयोजित भजन संध्या का शुभारंभ दीप प्रज्वलित कर किया गया, इसके बाद भजनों की ऐसी रसधारा बही कि पंडाल में मौजूद श्रद्धालु देर तक राधारानी और श्रीकृष्ण की भक्ति में डूबे रहे, चारों ओर ‘श्री राधे-राधे’ और ‘जय श्रीकृष्ण’ के जयकारे गूंजते रहे । 
  पूर्णिमा दीदी ने अपने भजनों के माध्यम से ब्रज की महिमा, राधारानी के वात्सल्य और गिरिराज महाराज की कृपा का भावपूर्ण वर्णन किया, उनके भजनों ने श्रद्धालुओं के हृदय को इस तरह छुआ कि कई भक्त भावुक हो उठे, भजन संध्या में ऐसा भक्तिमय वातावरण बना कि पूरा पंडाल मानो ब्रजधाम की भक्ति में सराबोर हो गया, ‘राधारानी की सरकार, मोहे भरोसे तेरो लाडली’ और ‘हमारे सिर ऊपर भी श्री राधारानी’ जैसे भजनों ने श्रद्धालुओं को भावविभोर कर दिया।
   वहीं, ब्रज में वट वृक्ष की तरह स्थायी रूप से रहने की अभिलाषा व्यक्त करने वाले भजन ने ब्रजभूमि के प्रति भक्तों की अगाध श्रद्धा को स्वर दिया। पूर्णिमा दीदी ने जब ‘जो कछु मिले प्रसाद, गोविंद के गुणगान गाऊं’ का भाव प्रस्तुत किया तो पंडाल में मौजूद श्रद्धालु भक्ति के रंग में रंग गए, इसके बाद ‘जय हो गिरिराज महाराज की’, ‘सखी मोहे मोरे बनिये हो, गोवर्धन की लगाऊं परिक्रमा’ और ‘बोलो पूछरी के लोटा की जय’ जैसे भजनों से गोवर्धन महाराज की महिमा का गुणगान हुआ। श्रद्धालुओं ने भी पूरे उत्साह के साथ भजनों में स्वर मिलाया। 
  कार्यक्रम के दौरान मेला एवं धाम से जुड़े पदाधिकारी भी मौजूद रहे, पूर्णिमा दीदी के भजनों ने पंडित दीनदयाल धाम मेले की भक्ति और आध्यात्मिकता को यादगार बना दिया, कार्यक्रम के समापन तक पंडाल में राधारानी और बांके बिहारी के जयकारों की गूंज बनी रही, इस दौरान समिति के कोषाध्यक्ष नरेंद्र कुमार पाठक, निदेशक सोनपाल, राजवीर सिंह, राजेंद्र शर्मा, भवानी शंकर पचौरी, महीपाल सिंह, गोविंद सिंह, जगमोहन पाठक, ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि अनिल सिंह आदि मौजूद रहे ।

 

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