मथुरा में रिवर पुलिस की होगी तैनाती, मानकों के साथ होगा नाव संचालन
मथुरा में रिवर पुलिस की होगी तैनाती, मानकों के साथ होगा नाव संचालन
-जिलाधिकारी एवं एसएसपी ने लिया लाइफ जैकेट पहनकर जायजा, दिये निर्देश
मथुरा । विगत दिनों 10 अप्रैल को नाव पलटने से पंजाब के 38 यात्रियों के डूबने और उनमें से 16 यात्रियों की मौत होने के भीषण हादसे के बाद मथुरा, वृंदावन में रविवार से एक बार फिर विधिवत रूप से नाव संचालन शुरू हो गया है, रविवार को जिलाधिकारी व एसएसपी ने लाइफ जैकेट पहनकर स्टीमर से यमुना में भ्रमण किया, डीएम चंद्र प्रकाश सिंह, एसएसपी श्लोक कुमार ने वृंदावन स्थित केशी घाट पर नगर निगम मथुरा वृन्दावन द्वारा आयोजित नाविक रजिस्ट्रेशन कैंप में नाविकों को लाइसेंस वितरण किए तथा नौका विहार के माध्यम से केशी घाट से चीर घाट तक जायजा लिया ।

जिलाधिकारी व वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक द्वारा सुरक्षा व्यवस्था को पुख्ता करते हुए पुनः नावों के संचालन की अनुमति दे दी गई है, अब सिर्फ वही नावें संचालित होंगी जिनका विधिवत पंजीकरण हो चुका है और जिनके चालकों के पास वैध लाइसेंस होंगे, वहीं नाव में सवार सभी यात्रियों और चालक दल के लिए लाइफ जैकेट पहनना अनिवार्य है, हर नाव पर उसकी क्षमता, मानक के अनुसार ही सवारियां बैठाने के लिए निर्देश दिये गये, सिर्फ पंजीकृत नावों और प्रमाणित चालकों को ही जल मार्ग पर उतरने की अनुमति दी गई है ।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्लोक कुमार ने बताया कि नियमानुसार नौका संचालन होगा, घाटों पर मोबाइल पेट्रोलिंग पार्टी भी तैनात रहेंगी, उन्होंने कहा कि इस बात पर संज्ञान लिया गया है और जल्द ही रिवर पुलिस की भी तैनाती करा दी जाएगी, 10 अप्रैल को वृंदावन में पैंटून पुल के पास हुए भीषण नाव हादसे में 16 लोगों की जान चली गई थी, इसके बाद नौका संचालन पर रोक लगा दी गई थी, जिला प्रशासन ने यमुना में नौका संचालन को सुरक्षित बनाने के लिए नाविकों के रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया शुरू की थी जिसका काफी विरोध भी हुआ था, नाविकों के साथ ही नाव में बैठे लोगों के लिए भी लाइफ जैकेट पहनना अनिवार्य होगा ।
जिलाधिकारी ने कहा कि मथुरा एवं वृंदावन में नाव का संचालन प्रारंभ हो गया है, उन्होंने कहा कि नाव की मजबूती, फिटनेस को भी समय-समय पर चेक किया जाएगा और उसके बाद संचालन की अनुमति प्रदान की जाएगी, डीएम चंद्र प्रकाश सिंह ने कहा कि नाविक ट्रेंड, प्रशिक्षित होना चाहिए, यह भी सुनिश्चित किया जाएगा, श्रद्धालुओं, पर्यटकों एवं दर्शनार्थियों की सुरक्षा पुलिस-प्रशासन की प्राथमिकता है, केवल वही नावें संचालित होंगी जिनका पंजीकरण हो चुका है और चालकों के पास वैध लाइसेंस प्रमाण पत्र है ।
लाइसेंस प्रमाण पत्र वितरण कार्यक्रम में जिलाधिकारी चंद्र प्रकाश सिंह, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्लोक कुमार, अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व डॉ0 पंकज कुमार वर्मा, एसपी सिटी राजीव कुमार सिंह, अपर नगर आयुक्त सौरभ सिंह आदि ने नौका विहार के माध्यम से केशी घाट से चीर घाट तक जायजा लिया, जिलाधिकारी ने अवगत कराया कि नाविकों की समस्या का निराकरण करते हुए सामान्य नाव के रजिस्ट्रेशन का शुल्क रूपये 500 तथा मोटर बोट के रजिस्ट्रेशन का शुल्क रूपये 1500 किया गया है, उन्होंने बताया कि अधिकाधिक संख्या में नाविकों द्वारा रजिस्ट्रेशन कराया जा रहा है, लगभग 400 लोगों द्वारा पंजीकरण हेतु फॉर्म क्रय किया गया है तथा 135 नाविकों का पंजीकरण, लाइसेंस प्रमाण पत्र वितरण किया जा चुका है ।







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