
रजिस्ट्री कार्यालय के जनरेटर रूम में लगी आग, उठने लगीं लपटें
रजिस्ट्री कार्यालय के जनरेटर रूम में लगी आग, उठने लगीं लपटें
-टल गया बड़ा हादसा, मौके पर पहुंची दमकल, आग पर पाया बमुश्किल काबू
मथुरा। सदर रजिस्ट्री ऑफिस में उस समय हड़कंप मच गया। जब अचानक जनरेटर रूम में आग की लपटें उठने लगी। आफिस में रखे फायर सेफ्टी के सिलेंटरों से कर्मचारियों ने आग बुझाने का प्रयास किया लेकिन आग पर काबू नहीं पाया जा सका। सूचना पर पहुंची फायर बिग्रेड ने बड़ी मुश्किल से आग पर काबू पाया। तब जाकर विभाग के अधिकारी कर्मचारियों ने राहत की सांस ली ।
बताते हैं कि शार्ट सर्किट के कारण यह हादसा हुआ, घटना सोमवार की देर शाम करीब साढे सात बजे की है, सिविल लाइंस स्थित रजिस्ट्री कार्यालय के जनरेटर रूम से अचानक धूंआ व आग की लपटें उठती दिखी। आग लगी देखकर अधिकारी कर्मचारी इधर उधर भागने लगे। उस समय रजिस्ट्री कराने आए लोग आफिस से जा चुके थे। उस समय ऑफिस में रजिस्ट्री का कार्य पूरा होने के बाद लिपिक अपनी फीस का मिलान कर रहे थे।
सब रजिस्ट्रार अजय त्रिपाठी ने बताया कि जैसे ही उनकी आफिस में लगी सीसी टीवी पर नजर पड़ी तो उन्होंने देखा कि जनरेटर रूम से आग की लपटें तेजी से नकल रहीं हैं। आफिस के बराबर में रखे जनरेटर में आग लगते ही अफिस के कर्मचारियों में अफरा तफरी मच गई। सभी कर्मचारी आफिस के बाहर निकल आए, बाहर काफी संख्या में लोगों की भीड़ एकत्रित हो गई, स्थिति की गंभीरता को समझते हुए सब रजिस्ट्रार अजय त्रिपाठी ने तुरंत कर्मचारियों को निर्देश दिए कि आफिस के सेफ्टी गैस सिलेंडरों से आग को बुझाने का प्रयास करो।
कर्मचारियों ने आफिस के 11 सेफ्टी गैस सिलेंडरों का प्रयोग करते हए आग बुझाने का प्रयास किया। लेकिन आग पर काबू नहीं पाया जा सका। इसी दौरान सब रजिस्ट्रार ने फायर विग्रेड को 112 नम्बर पर कॉल करके आफिस में आग लगने की सूचना दी। सूचना पाकर तुरंत फायर बिग्रेड की गाड़ी भी पहुंच गई। फायर विग्रेड ने आग पर काफी प्रयास के बाद काबू पाया गया। यदि आग पर काबू नहीं पाया क्या होता तो ऑफिस में मौजूद दस्तावेजों को भी नुकसान हो सकता था और आम जन मानस को भी हानि हो सकता है। स्थानीय लोगों और ऑफिस कर्मचारियों ने सब रजिस्ट्रार की सूझबूझ की सराहना की, सब रजिस्ट्रार की त्वरित प्रतिक्रिया से एक बड़ी त्रासदी टल गई, आग बुझाने वाली टीम में फारविग्रेड के लीडिंग फारमैन विनोद कुमार शर्मा, चालक राजीव शर्मा, फायरमैन भूदेव कुमार, होमगार्ड राम दत्त शामिल थे।