दुवासू में पीजी डिप्लोमा पाठ्यक्रम को दी गई अंतिम रूपरेखा

दुवासू में पीजी डिप्लोमा पाठ्यक्रम को दी गई अंतिम रूपरेखा
-कुलपति की अध्यक्षता में जुटे विशेषज्ञ, विनियामक ढांचे और विशेषज्ञ संकाय पर हुआ मंथन
   मथुरा । पशु चिकित्सा विज्ञान के क्षेत्र में प्राचीन भारतीय आयुर्वेदिक पद्धति को आधुनिक विज्ञान से जोड़ने की दिशा में उत्तर प्रदेश पंडित दीनदयाल उपाध्याय पशु चिकित्सा विज्ञान विश्वविद्यालय एवं गौ अनुसंधान संस्थान (दुवासू) ने बड़ी पहल की है, विश्वविद्यालय में प्रस्तावित पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा इन वेटरनरी आयुर्वेद के पाठ्यक्रम और विनियामक ढांचे को अंतिम रूप देने के लिए शनिवार को एक उच्चस्तरीय हितधारक परामर्श बैठक आयोजित की गई। 


  कुलपति डॉ0 अभिजित मित्र की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में देश के जाने माने वैज्ञानिकों और आयुर्वेद विशेषज्ञों ने शिरकत की, इसमें आईसीएआर के पूर्व उप महानिदेशक डॉ0 के0एम0एल0 पाठक, केंद्रीय बकरी अनुसंधान संस्थान के पूर्व निदेशक डॉ0 देवेंद्र स्वरूप और आईवीआरआई के पूर्व प्रधान वैज्ञानिक डॉ0 रमेश सोमवंशी जैसे दिग्गजों ने पाठ्यक्रम की संरचना पर अपने सुझाव दिए, विशेषज्ञों ने इस बात पर जोर दिया कि पशु चिकित्सा और आयुर्वेद का समन्वय न केवल शैक्षणिक रूप से सुदृढ़ होना चाहिए, बल्कि यह व्यावसायिक रूप से भी प्रासंगिक हो ।


   बैठक के दौरान पाठ्यक्रम के स्वरूप के साथ-साथ विनियामक अनुरूपता, आवश्यक आधारभूत संरचना, अनुभवी संकाय की उपलब्धता, प्रवेश प्रक्रिया तथा परीक्षा एवं मूल्यांकन प्रणाली जैसे तकनीकी विषयों पर विस्तृत विचार विमर्श किया गया, आयुर्वेद निदेशालय के पूर्व संयुक्त निदेशक डॉ0 हरिराम भदौरिया और बिजनौर के डॉ0 शम्भु पटेल ने आयुर्वेदिक जड़ी बूटियों के पशु चिकित्सा में प्रभाव और उनके वैज्ञानिक मानकीकरण पर प्रकाश डाला, कुलपति डॉ0 अभिजित मित्र ने कहा कि इस पाठ्यक्रम के शुरू होने से पशु चिकित्सा के क्षेत्र में एक नया आयाम जुड़ेगा, आयुर्वेद आधारित उपचार ना केवल सस्ता होगा, बल्कि इसके दुष्प्रभाव भी कम होंगे, जिससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था और पशुपालकों को सीधा लाभ पहुंचेगा ।

 

Letest News










Advertisement
Advertisement
About Loktantra

भारत दुनियाभर का एक मात्र ऐसा लोकतांत्रिक देश है जो जनसंख्या एवं क्षेत्रफल के आधार पर एक अहम स्थान रखता है हमारे देश की लोकतांत्रिक व्यवस्था भी बेमिसाल है यहां ग्राम ,मोहल्ला स्तर से लेकर जनपद, प्रदेश व देश स्तर पर लोकतांत्रिक व्यवस्थाएं सुनिश्चित है। राज्य व केंद्रीय शासन द्वारा देश के प्रत्येक जनता की समस्याओं का ध्यान रखते हुए प्रशासनिक व्यवस्थाएं क्रियान्वित की जाती हैं |लोकतंत्र का आगाज उसी लोकतंत्रिक व्यवस्था की कड़ी के रूप में प्रत्येक नागरिक की आवाज का आगाज करते हुए समाचार प्रसारित कर शासन प्रशासन तक समस्याओं को प्रदर्शित कर व शासन-प्रशासन की योजनाओं को आम जन तक पहुंचाने में सजग है।

Total Users: 1326082
Get In Touch

Office : faujadar market, opp. Patiram mandir, sonkh road, krishna nagar, mathura-281004

7417674275

[email protected]

Copyright ©2026 InzealInfotech. All rights reserved.