मथुरा-वृंदावन में 300 करोड़ से होगा यमुना जल शुद्धिकरण
मथुरा-वृंदावन में 300 करोड़ से होगा यमुना जल शुद्धिकरण
-100 एमएलडी एमबीवीआर तकनीक से किया जायेगा यमुना जल का शुद्धिकरण
मथुरा । नगर निगम क्षेत्र की जनता को स्वच्छ एवं गुणवत्तापूर्ण पेयजल उपलब्ध कराने की दिशा में बड़ी उपलब्धि हासिल हुई है, नगर निगम मथुरा-वृंदावन की मंगलवार को हुई बैठक में प्रस्ताव संख्या एक के अंतर्गत लगभग 300 करोड़ रुपये की लागत वाली 100 एमएलडी क्षमता की एमबीवीआर तकनीक आधारित यमुना जल शुद्धिकरण योजना का प्रस्ताव पारित कर दिया गया, इस निर्णय से क्षेत्र में पेयजल की गुणवत्ता सुधारने तथा लंबे समय से चली आ रही पेयजल समस्या के स्थायी समाधान की उम्मीद मजबूत हुई है ।(65).jpg)
इस मुद्दे को पार्षद राजीव कुमार सिंह लगातार उठाते रहे हैं, उन्होंने पानी में टीडीएस की बढ़ती मात्रा, पेयजल की गुणवत्ता और आम नागरिकों के स्वास्थ्य पर पड़ने वाले प्रतिकूल प्रभावों को देखते हुए 22 मई, 2 जुलाई, 22 जुलाई, 25 अगस्त तथा 21 सितंबर को संबंधित अधिकारियों एवं जनप्रतिनिधियों को पत्र लिखकर इस योजना को लागू कराने की मांग की थी, इस गंभीर समस्या को लेकर अन्य करीब 40 पार्षदों ने भी सामूहिक हस्ताक्षरयुक्त पत्र के माध्यम से योजना लागू कराने की मांग उठाई थी। (63).jpg)
पार्षदों ने आधुनिक तकनीक आधारित जल शुद्धिकरण व्यवस्था को प्राथमिकता देते हुए पेयजल संकट का स्थायी समाधान सुनिश्चित करने पर जोर दिया था, लगातार पत्राचार और पार्षदों के सामूहिक प्रयासों के बाद नगर निगम की 3 नवंबर को आयोजित बैठक में प्रस्ताव पारित हो गया, पार्षद राजीव कुमार सिंह ने प्रस्ताव पारित होने पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि मथुरा-वृंदावन की जनता को स्वच्छ एवं गुणवत्तापूर्ण पेयजल उपलब्ध कराना जनप्रतिनिधियों की प्राथमिक जिम्मेदारी है, अब देखना होगा कि संबंधित विभाग इस योजना को कब तक धरातल पर उतारते हैं ।















